By: Ishan Verma (Founder & Editor, TheExamHub.in)
नई दिल्ली | 24 अप्रैल
भारत में सीवर, सेप्टिक टैंक की सफाई करने वाले श्रमिकों और कचरा बीनने वालों (Waste Pickers) को सम्मानजनक जीवन और सुरक्षा देने के लिए केंद्र सरकार की NAMASTE Scheme (नमस्ते योजना) एक बहुत बड़ी सामाजिक क्रांति (Social Reform) बनकर उभरी है।
केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार (Dr. Virendra Kumar) ने बताया कि यह योजना खतरनाक मैनुअल (हाथ से) सफाई प्रथाओं को खत्म करने और श्रमिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक ‘पैराडाइम शिफ्ट’ साबित हुई है। प्रतियोगी परीक्षाओं (UPSC, CGPSC, SSC) की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए इस योजना से जुड़े आंकड़े बहुत महत्वपूर्ण हैं।
क्या है NAMASTE Scheme? (National Action for Mechanised Sanitation Ecosystem)
नमस्ते (NAMASTE) योजना जुलाई 2023 में ‘सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय’ (MoSJE) और ‘आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय’ (MoHUA) द्वारा संयुक्त रूप से लॉन्च की गई थी।
- योजना का मुख्य लक्ष्य: इस योजना का मुख्य उद्देश्य सफाई कार्य के दौरान होने वाली मौतों (Zero Fatalities) को खत्म करना, मानव मल के सीधे संपर्क को रोकना और सीवर सफाई के लिए मशीनों (Mechanized cleaning) का उपयोग सुनिश्चित करना है।

लाखों श्रमिकों को PPE किट और 7.50 लाख तक की सब्सिडी
वर्ष 2023-24 में शुरू होने के बाद से इस योजना के तहत शानदार उपलब्धियां हासिल हुई हैं:
- सुरक्षा और बीमा: अब तक 89,248 सीवर/सेप्टिक टैंक श्रमिकों (SSWs) को प्रमाणित किया जा चुका है। 87,037 श्रमिकों को ‘PPE किट’ बांटे गए हैं और 76,247 श्रमिकों को ‘आयुष्मान भारत’ (AB-PMJAY) स्वास्थ्य बीमा कवर दिया गया है।
- स्वच्छता उद्यमी योजना (SUY): वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ‘स्वच्छता उद्यमी योजना’ के तहत पूंजीगत सब्सिडी को बढ़ा दिया गया है। अब व्यक्तिगत परियोजनाओं के लिए 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 7.50 लाख रुपये और समूह परियोजनाओं के लिए 18.75 लाख से बढ़ाकर 25 लाख रुपये की सब्सिडी दी जा रही है।
- ERSUs: बड़े नगर निगमों में स्थापित ‘आपातकालीन प्रतिक्रिया स्वच्छता इकाइयों’ (Emergency Response Sanitation Units – ERSU) को 753 सुरक्षा उपकरण भेजे गए हैं।

जून 2024 से कचरा बीनने वाले (Waste Pickers) भी हुए शामिल
इस योजना का विस्तार करते हुए जून 2024 से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (Solid Waste Management) में लगे कचरा बीनने वालों को भी इसमें शामिल कर लिया गया है।
- Waste Picker Enumeration App: कचरा बीनने वालों को आधिकारिक पहचान दिलाने के लिए ‘विश्व पर्यावरण दिवस 2025’ पर यह ऐप लॉन्च किया गया था।
- अब तक 2,52,163 कचरा बीनने वालों को e-KYC के माध्यम से प्रमाणित किया जा चुका है। 1.31 लाख को PPE किट मिल चुके हैं और 1.24 लाख का आयुष्मान कार्ड बन चुका है।

NAMASTE Scheme: अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रश्न 1: केंद्र सरकार की ‘नमस्ते योजना’ (NAMASTE Scheme) किससे संबंधित है?
उत्तर: ‘नमस्ते योजना’ भारत सरकार की एक पहल है जो सीवर और सेप्टिक टैंक की खतरनाक मैनुअल सफाई को रोककर 100% मशीनीकृत (Mechanized) सफाई को बढ़ावा देने और सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा व रोजगार देने से संबंधित है।
प्रश्न 2: ‘स्वच्छता उद्यमी योजना’ (SUY) के तहत व्यक्तिगत परियोजनाओं के लिए कितनी सब्सिडी दी जाती है?
उत्तर: ‘नमस्ते योजना’ के अंतर्गत स्वच्छता उद्यमी योजना (SUY) में व्यक्तिगत परियोजनाओं (मशीनें/वाहन खरीदने) के लिए सब्सिडी की सीमा 5 लाख से बढ़ाकर 7.50 लाख रुपये कर दी गई है।
📚 The Exam Hub – सरकारी योजनाएं (Fact-Check)
आगामी UPSC, BPSC, CGPSC और SSC परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण बिंदु (Short Notes):
- NAMASTE का पूर्ण रूप: National Action for Mechanised Sanitation Ecosystem.
- नोडल मंत्रालय: सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय (MoSJE) और आवास एवं शहरी मामलों का मंत्रालय (MoHUA)।
- योजना का फोकस: खतरनाक मैनुअल सफाई को खत्म करना और ‘सफाई कर्मचारियों’ (Sanipreneurs) को मशीनें खरीदने के लिए सब्सिडी (पूंजीगत सहायता) देना।
- स्वास्थ्य सुरक्षा: सभी पात्र श्रमिकों को ‘आयुष्मान भारत (PMJAY)’ योजना का लाभ देना।
(देश की सरकारी योजनाओं, सामाजिक न्याय और एग्जाम से जुड़े सटीक करेंट अफेयर्स के लिए जुड़े रहें Ishan Verma की वेबसाइट theexamhub.in के साथ।)
🎯 UPSC व State PSC एस्पिरेंट्स के लिए विशेष (Bonus Study Material):
क्या आप आगामी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं? आपकी तैयारी को और अधिक मजबूत बनाने के लिए The Exam Hub लाया है पिछले वर्षों के ओरिजिनल प्रश्न पत्र!
📥 [यहाँ क्लिक करें: CGPSC Pre और Mains (2020-2024) के Previous Year Question Papers PDF में निःशुल्क डाउनलोड करें]
