By: Ishan Verma (Founder & Editor, TheExamHub.in)
रायपुर | 30 अप्रैल
दुनिया भर में हर साल 1 मई को International Labour Day 2026 (अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस या मजदूर दिवस) के रूप में मनाया जाता है। इस दिन का मुख्य उद्देश्य मजदूरों के अधिकारों, सामाजिक न्याय और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों के लिए आवाज बुलंद करना और उनके संघर्षों को सम्मानित करना है।
प्रतियोगी परीक्षाओं (UPSC, CGPSC, Vyapam) की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए मजदूर दिवस का इतिहास और छत्तीसगढ़ में श्रमिकों के लिए चलाई जा रही सरकारी योजनाओं (Government Schemes) को समझना बहुत ही महत्वपूर्ण है।
1 मई को ही क्यों मनाया जाता है अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस? (इतिहास)
मजदूर दिवस का इतिहास अमेरिका से जुड़ा हुआ है।
- शिकागो आंदोलन (1886): यह दिवस वर्ष 1886 में अमेरिका के शिकागो (Chicago) शहर के ‘हेमार्केट स्क्वायर’ में मजदूरों के भारी विरोध प्रदर्शन और उसमें हुई हिंसा की याद में मनाया जाता है। इन श्रमिकों की मुख्य मांग ‘8 घंटे के कार्य दिवस’ (8-hour workday) की थी।
- 1 मई की घोषणा: सन् 1889 में ‘द्वितीय अंतर्राष्ट्रीय संगठन’ (Second International) ने 1 मई को आधिकारिक रूप से अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस के रूप में घोषित किया था।

भारत में मजदूर दिवस और डॉ. भीमराव अंबेडकर का योगदान
भारत में मजदूर दिवस मनाने की शुरुआत सबसे पहले 1923 में चेन्नई (मद्रास) में हुई थी।
श्रमिकों के जीवन में सुधार लाने का सबसे बड़ा श्रेय भारतीय संविधान के शिल्पकार डॉ. भीमराव अंबेडकर को जाता है। उन्होंने ही ब्रिटिश भारत में श्रमिकों के काम के घंटे 12 घंटे से घटाकर 8 घंटे किए थे। इसके अलावा, उन्होंने महिलाओं को ‘प्रसूति अवकाश’ (Maternity Leave) की सुविधा भी उपलब्ध कराई थी।
विष्णु देव सरकार: “अब मजदूर का बच्चा मजदूर नहीं रहेगा”
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और श्रम मंत्री श्री लखनलाल देवांगन के नेतृत्व में राज्य सरकार श्रमिकों के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए लगातार काम कर रही है। पिछले सवा दो सालों में श्रमिकों के खाते में विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लगभग 800 करोड़ रूपए (DBT) ट्रांसफर किए जा चुके हैं।

छत्तीसगढ़ की प्रमुख श्रमिक कल्याण योजनाएं:
- शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना: इसके तहत श्रमिकों को मात्र 5 रुपये में गरम भोजन, दाल, चावल और सब्जी दी जाती है।
- आवास और ई-रिक्शा सहायता: श्रमिक आवास की सहायता राशि प्रति आवास 1 लाख रूपए से बढ़ाकर 1.50 लाख रूपए कर दी गई है। दीदी ई-रिक्शा की राशि भी 1.50 लाख कर दी गई है।
- अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना: इस वर्ष इस योजना के तहत श्रमिकों के 200 बच्चों को प्रदेश के उत्कृष्ट निजी स्कूलों में दाखिला (कक्षा 6वीं) दिया जाएगा।
- अन्य योजनाएं: मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना, मिनीमाता महतारी जतन योजना, मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा प्रोत्साहन योजना।
चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में श्रम विभाग के लिए 256 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।

📚 The Exam Hub – मजदूर दिवस करेंट अफेयर्स (Fact-Check)
आगामी CGPSC, UPSC और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण बिंदु (Short Notes):
- दिवस का नाम: अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस (International Labour Day)।
- तिथि: 1 मई (प्रतिवर्ष)।
- वैश्विक शुरुआत: शिकागो (अमेरिका) का 1886 का मजदूर आंदोलन।
- भारत में पहली बार शुरुआत: 1923, चेन्नई (मद्रास)।
- भारत में काम के घंटे 8 घंटे किसने किए: डॉ. भीमराव अंबेडकर।
- श्रम मंत्री, छत्तीसगढ़: श्री लखनलाल देवांगन।
International Labour Day 2026: अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रश्न 1: विश्व मजदूर दिवस (International Labour Day) कब और क्यों मनाया जाता है?
उत्तर: विश्व मजदूर दिवस हर साल 1 मई को मनाया जाता है। यह 1886 में अमेरिका के शिकागो में मजदूरों द्वारा 8 घंटे की शिफ्ट की मांग को लेकर किए गए आंदोलन की याद में मनाया जाता है।
प्रश्न 2: भारत में पहली बार मजदूर दिवस (May Day) कब मनाया गया था?
उत्तर: भारत में मजदूर दिवस पहली बार 1 मई 1923 को लेबर किसान पार्टी ऑफ हिंदुस्तान द्वारा चेन्नई (उस समय मद्रास) में मनाया गया था।
(छत्तीसगढ़ की सरकारी योजनाओं, इतिहास और एग्जाम से जुड़े सटीक करेंट अफेयर्स के लिए जुड़े रहें Ishan Verma की वेबसाइट theexamhub.in के साथ।)
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