Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026: गांधीनगर के भव्य ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF) में छत्तीसगढ़ पवेलियन का जलवा; 26 व्यावसायिक प्रतिनिधियों ने बढ़ाई राज्य की धमक

Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026

Published on 08 August 2026 | By Ishan Verma, Editor, theexamhub.in


गुजरात के गांधीनगर में आयोजित हुए भव्य ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर में Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 के तहत की गई प्रभावी भागीदारी से राज्य के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पर्यटन को राष्ट्रीय स्तर पर एक बड़ी पहचान मिली है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व और पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने 6 से 8 अगस्त 2026 तक चले इस तीन-दिवसीय पर्यटन मेले में अपनी सशक्त भागीदारी दर्ज कराई।

इस राष्ट्रीय स्तर के मेले का आयोजन ‘फेयर फेस्ट मीडिया’ (Fairfest Media) द्वारा किया गया, जिसका उद्देश्य देश-विदेश के प्रमुख यात्रा संचालकों, ट्रैवल एजेंटों और होटल व्यवसायियों को एक मंच पर लाना है। छत्तीसगढ़ पवेलियन ने इस प्रतिष्ठित मेले में राज्य के विविध प्राकृतिक सौंदर्य, जनजातीय लोक-परंपराओं, ऐतिहासिक स्मारकों और रोमांचक पर्यटन सर्किटों को कड़े और आकर्षक ढंग से प्रस्तुत कर राष्ट्रीय पर्यटन उद्योग का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है।

महत्वपूर्ण संकेतकChhattisgarh Tourism Board TTF 2026 के प्रमुख तथ्य व कड़े आंकड़े
योजना/मेले का नामट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF – Travel & Tourism Fair) गांधीनगर
आयोजन की तिथि और स्थान6 से 8 अगस्त 2026, गांधीनगर, गुजरात
मुख्य प्रायोजक संस्थाफेयर फेस्ट मीडिया (Fairfest Media)
छत्तीसगढ़ पवेलियन का कुल आकार100 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में सजाया गया आकर्षक थीम पवेलियन
शामिल निजी पर्यटन व्यवसायीछत्तीसगढ़ के 26 पंजीकृत ट्रैवल एजेंट और होटल व्यवसायी शामिल हुए
प्रदर्शित प्रमुख पर्यटन विधाएंईको-टूरिज्म, जनजातीय संस्कृति, ऐतिहासिक धरोहरें, वॉटरफॉल्स और एडवेंचर स्पोर्ट्स
सहभागी अन्य प्रमुख राज्यभारत सरकार पर्यटन मंत्रालय, गुजरात, मध्य प्रदेश, ओडिशा, गोवा, केरल आदि
मुख्य प्रशासनिक लक्ष्यराष्ट्रीय बाजार में बी-टू-बी (B2B) समझौतों के जरिए छत्तीसगढ़ का पर्यटन विस्तार

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Table of Contents

छत्तीसगढ़ पवेलियन की विशेषताएं और 26 व्यावसायिक प्रतिनिधियों की सहभागिता

टूरिज्म फेयर के दौरान छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड ने निजी-सार्वजनिक भागीदारी (PPP Mode) को मजबूत करने की दिशा में कड़े कदम उठाए हैं:

  • 100 वर्ग मीटर का आकर्षक पवेलियन: छत्तीसगढ़ की विशिष्ट प्राकृतिक और सांस्कृतिक पहचान को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित करने के लिए 100 वर्ग मीटर के क्षेत्र में एक विशाल पवेलियन का निर्माण किया गया था। इसमें राज्य की प्राचीन वास्तुकला, सुरम्य जलप्रपातों और जनजातीय लोक कलाओं को खूबसूरती से उकेरा गया था।
  • 26 निजी ऑपरेटरों का प्रतिनिधिमंडल: इस मेले में छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के साथ राज्य के 26 पंजीकृत ट्रैवल एजेंट और होटल व्यवसायियों ने भी सक्रिय भागीदारी की। इससे राज्य के स्थानीय टूर पैकेजों को राष्ट्रीय यात्रा संचालकों के समक्ष सीधे बी-टू-बी (B2B) बैठकों के माध्यम से प्रस्तुत करने का अवसर मिला।
  • नए ऑपरेटरों की बढ़ती रुचि: टीटीएफ गांधीनगर में छत्तीसगढ़ की सहभागिता के असाधारण परिणाम सामने आ रहे हैं। बड़ी संख्या में गुजरात, महाराष्ट्र और राजस्थान के ट्रैवल एजेंटों ने छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के साथ नए व्यावसायिक पंजीकरण कराने और संयुक्त टूर पैकेज विकसित करने में गहरी रुचि दिखाई है।

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राष्ट्रीय स्तर पर बस्तर, सरगुजा और प्राकृतिक पर्यटन वैभव का प्रदर्शन

मेले के दौरान छत्तीसगढ़ के उन विशिष्ट पर्यटन सर्किटों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया, जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राज्य को एक अनूठा पर्यटन गंतव्य बनाते हैं:

  • वनांचल और जनजातीय विरासत: बस्तर और सरगुजा संभागों की लोक परंपराओं, अद्वितीय हस्तशिल्प और समृद्ध जनजातीय जीवनशैली का प्रदर्शन किया गया। 31 मार्च 2026 को छत्तीसगढ़ के पूर्ण नक्सलमुक्त होने के बाद, इन क्षेत्रों में सुरक्षित और समुदाय-आधारित पर्यटन (Eco-tourism) के लिए अनुकूल नीतियां विकसित की जा रही हैं।
  • प्राकृतिक और साहसिक पर्यटन का प्रदर्शन: इंद्रावती नदी पर स्थित भारत के सबसे चौड़े ‘चित्रकोट जलप्रपात’, जैव-विविधता से समृद्ध ‘कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान’, ऐतिहासिक बौद्ध पुरातात्विक स्थल ‘सिरपुर’, और ‘छत्तीसगढ़ के खजुराहो’ कबीरधाम के ‘भोरमदेव मंदिर’ जैसी प्रमुख पर्यटन विरासतों की विस्तृत जानकारी देश भर से आए सैलानियों के साथ साझा की गई।
  • अंतर-राज्यीय पर्यटन विनिमय: गांधीनगर के इस भव्य मेले में भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय के अलावा गुजरात, मध्य प्रदेश, ओडिशा, राजस्थान, गोवा, महाराष्ट्र, केरल, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड और पंजाब जैसे प्रमुख पर्यटन राज्यों ने भी सहभागिता की, जिससे एक ही मंच पर व्यावसायिक कड़ियों को जोड़ने में मदद मिली।

UPSC & CGPSC Prelims Fact Box: Travel & Tourism Fair (TTF) & Eco-Tourism

  • ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF): यह भारत का सबसे पुराना और सबसे बड़ा ट्रैवल ट्रेड शो नेटवर्क है, जिसका आयोजन फेयर फेस्ट मीडिया (Fairfest Media) द्वारा किया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 1989 में की गई थी, जिसका मुख्य उद्देश्य भारत के पर्यटन उद्योग में अंतःराज्यीय और अंतर्राष्ट्रीय व्यावसायिक समझौतों (B2B) को बढ़ावा देना है।
  • समुदाय-आधारित पर्यटन (Community-based Tourism): पर्यटन का वह टिकाऊ मॉडल जिसके तहत स्थानीय समुदायों (विशेषकर जनजातीय परिवारों) को सीधे पर्यटन प्रबंधन और आतिथ्य सेवाओं (जैसे होमस्टे) से जोड़ा जाता है, ताकि पर्यटन से होने वाली आय सीधे स्थानीय स्तर पर विकेंद्रीकृत हो सके।
  • छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की स्थापना: छत्तीसगढ़ में पर्यटन गतिविधियों के सुनियोजित विकास और प्रचार के लिए 18 जनवरी 2002 को छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल (Chhattisgarh Tourism Board) का गठन किया गया था, जिसका मुख्यालय रायपुर में स्थित है।

UPSC & CGPSC Mains Analysis: पर्यटन कूटनीति, निजी भागीदारी और स्थानीय जनजातीय रोजगार का छत्तीसगढ़ मॉडल

मुख्य परीक्षा के दृष्टिकोण से Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 जैसी रणनीतिक पहलों को राज्य के सेवा क्षेत्र (Service Sector) के विकास, पर्यटन कूटनीति (Tourism Diplomacy) और अनुसूचित जनजातीय अंचलों में हरित रोजगार (Green Jobs) के सृजन के रूप में विश्लेषणात्मक रूप से देखा जाना चाहिए।

छत्तीसगढ़ जैसे विशाल खनिज संपदा से समृद्ध राज्य के लिए केवल प्राथमिक खनन क्षेत्र पर निर्भर रहना अर्थव्यवस्था के विविधीकरण (Economic Diversification) को बाधित करता है। पर्यटन क्षेत्र गैर-खनन आधारित गैर-कर राजस्व (Non-tax Revenue) का एक सबसे स्थायी और पर्यावरण-अनुकूल विकल्प है। गांधीनगर जैसे राष्ट्रीय मेलों में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल द्वारा 26 निजी ट्रैवल ऑपरेटरों के प्रतिनिधिमंडल के साथ सहभागिता करना सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP Mode) का एक कड़ा प्रशासनिक मॉडल प्रस्तुत करता है।

गुजरात और महाराष्ट्र जैसे उच्च आय वाले राज्यों (Source Markets) के पर्यटकों को सीधे छत्तीसगढ़ के बस्तर, सरगुजा और कांगेर घाटी के ईको-टूरिज्म सर्किटों से जोड़ना राज्य की ‘सॉफ्ट पावर कूटनीति’ का हिस्सा है। बस्तर के पूर्ण नक्सलमुक्त होने के बाद, स्थानीय आदिवासियों को ‘कम्युनिटी होमस्टे योजना’ (Homestays) के माध्यम से सीधे इस पर्यटन कूटनीति से जोड़ा जा रहा है, जिससे होने वाली आय सीधे सुदूर वनांचल अंचलों के जनजातीय परिवारों को प्राप्त होती है। यह सतत और संवेदनशील दृष्टिकोण अंततः छत्तीसगढ़ को भारत के सबसे आकर्षक, सुरक्षित और आत्मनिर्भर पर्यटन राज्यों की श्रेणी में समयबद्ध तरीके से स्थापित करने की सुशासित प्रशासनिक रीढ़ साबित होगा।


अभ्यास प्रश्न (Practice MCQs)

निम्नलिखित बहुविकल्पीय प्रश्नों के माध्यम से इस महत्वपूर्ण समसामयिक और पर्यटन नीतिगत विषय पर अपने ज्ञान का परीक्षण करें:

प्रश्न 1: हाल ही में संपन्न हुए Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 गांधीनगर कार्यक्रम के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

1. इसका आयोजन ‘फेयर फेस्ट मीडिया’ (Fairfest Media) द्वारा गुजरात के गांधीनगर में किया गया था।
2. इस मेले में छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल के साथ राज्य के रिकॉर्ड 26 पंजीकृत ट्रैवल एजेंटों और होटल व्यवसायियों के प्रतिनिधिमंडल ने भाग लिया।
उपर्युक्त में से कौन सा/से कथन सत्य है/हैं?

(A) केवल 1
(B) केवल 2
(C) 1 और 2 दोनों
(D) न तो 1 और न ही 2

उत्तर: (C) 1 और 2 दोनों
व्याख्या: दोनों कथन बिल्कुल सत्य हैं। गांधीनगर में आयोजित हुए प्रसिद्ध ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF) में छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने फेयर फेस्ट मीडिया (Fairfest Media) के सहयोग से भाग लिया, जिसमें छत्तीसगढ़ के 26 निजी और पंजीकृत पर्यटन ऑपरेटरों ने बी-टू-बी (B2B) समझौतों के लिए सहभागिता की।

प्रश्न 2: भारत के सबसे बड़े और पुराने ट्रैवल ट्रेड शो नेटवर्क ‘ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर’ (TTF) का आयोजन करने वाली राष्ट्रीय संस्था ‘फेयर फेस्ट मीडिया’ (Fairfest Media) की शुरुआत किस वर्ष की गई थी?

(A) वर्ष 1989
(B) वर्ष 1995
(C) वर्ष 2002
(D) वर्ष 2014

उत्तर: (A) वर्ष 1989
व्याख्या: फेयर फेस्ट मीडिया (Fairfest Media) भारत की अग्रणी पर्यटन प्रदर्शनी आयोजक संस्था है, जिसने देश में अंतःराज्यीय पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए वर्ष 1989 में ‘ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर’ (TTF) की ऐतिहासिक शुरुआत की थी।


Frequently Asked Questions (FAQs)

Q1. Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 क्या है और इसका आयोजन किसके सहयोग से किया गया है?

यह छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल द्वारा 6 से 8 अगस्त 2026 तक गांधीनगर (गुजरात) में आयोजित ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF) में की गई एक प्रभावी भागीदारी है। इसका आयोजन प्रसिद्ध राष्ट्रीय संस्था ‘फेयर फेस्ट मीडिया’ द्वारा किया गया है ताकि देश भर के टूर ऑपरेटरों के साथ छत्तीसगढ़ के पर्यटन सर्किटों को जोड़ा जा सके।

Q2. इस मेले में छत्तीसगढ़ पवेलियन की क्या मुख्य विशेषताएं रहीं?

छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड द्वारा मेले में 100 वर्ग मीटर के क्षेत्र में एक विशाल आकर्षक पवेलियन बनाया गया था, जिसमें राज्य की समृद्ध जनजातीय लोक-कलाओं, वाटरफॉल्स, ऐतिहासिक बौद्ध स्थल सिरपुर और भोरमदेव मंदिर को प्रदर्शित किया गया था। इस पवेलियन में छत्तीसगढ़ के 26 पंजीकृत ट्रैवल एजेंटों और होटल व्यवसायियों ने भी सहभागिता की थी।

Q3. इस राष्ट्रीय पर्यटन मेले में छत्तीसगढ़ के अलावा देश के अन्य कौन-से प्रमुख राज्यों ने भाग लिया?

इस भव्य मेले में भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय के अलावा गुजरात, मध्य प्रदेश, ओडिशा, राजस्थान, गोवा, महाराष्ट्र, केरल, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड, पंजाब और दिल्ली सहित देश के कई अन्य प्रमुख राज्यों के पर्यटन बोर्डों ने सहभागिता की थी।


तीन मुख्य निष्कर्ष (3 Key Takeaways)

  • सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) का विकास: Chhattisgarh Tourism Board TTF 2026 के कड़े क्रियान्वयन के तहत राज्य के 26 निजी ट्रैवल ऑपरेटरों को राष्ट्रीय मंच पर लाकर सीधे बी-टू-बी (B2B) समझौतों के अवसर प्रदान किए गए हैं।
  • 100 वर्ग मीटर का विशाल पवेलियन: बस्तर और सरगुजा संभाग की समृद्ध जनजातीय लोक-संस्कृति, ऐतिहासिक बौद्ध विरासत स्थल सिरपुर और चित्रकोट जलप्रपात को 100 वर्ग मीटर के आकर्षक पवेलियन में प्रभावी रूप से प्रदर्शित किया गया।
  • गुजरात और पश्चिमी बाजार से जुड़ाव: गुजरात के गांधीनगर में आयोजित इस मेले से पश्चिमी भारत के समृद्ध स्रोत बाजारों (Source Markets) के पर्यटकों को सीधे छत्तीसगढ़ के कम्युनिटी होमस्टे और साहसिक पर्यटन से जोड़ने में बड़ी सफलता मिली है।

UPSC & CGPSC Relevance (यूपीएससी और सीजीपीएससी प्रासंगिकता)

यह विषय मुख्य रूप से सीजीपीएससी मुख्य परीक्षा पेपर-5 (छत्तीसगढ़ का आर्थिक भूगोल, सेवा क्षेत्र का विकास, बुनियादी ढांचा), पेपर-6 (छत्तीसगढ़ का सामाजिक परिदृश्य, जनजातीय लोक-संस्कृति और कला), तथा संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) के सामान्य अध्ययन पेपर-3 (आर्थिक विकास, बुनियादी ढांचा—पर्यटन नीतियां और समावेशी विकास) के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण और अनिवार्य समसामयिक मुद्दा है।

Official Source (आधिकारिक स्रोत)

यह लेख छत्तीसगढ़ शासन के जनसंपर्क विभाग (DPRCG), छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल (CTB), और फेयर फेस्ट मीडिया (Fairfest Media) द्वारा 8 अगस्त 2026 को गांधीनगर गुजरात में आयोजित ट्रेवल एंड टूरिज्म फेयर के समापन पर जारी की गई आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है।

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