रायपुर, 15 अक्टूबर: छत्तीसगढ़ के नन्हें वैज्ञानिकों की मौलिक सोच और व्यावहारिक आविष्कारों ने एक बार फिर देश की राजधानी में प्रदेश का परचम लहरा दिया है। रायगढ़ जिले के जिंदल पब्लिक स्कूल के प्रतिभाशाली छात्र कृष्ण अग्रवाल ने Krishna Agrawal Inspire Award (कृष्ण अग्रवाल इंस्पायर अवार्ड) के अंतर्गत आयोजित 12वीं राष्ट्रीय स्तरीय प्रदर्शनी एवं परियोजना प्रतियोगिता (NLEPC-2026) में पूरे भारत में तीसरा पुरस्कार जीतकर इतिहास रच दिया है। नई दिल्ली में आयोजित भव्य राष्ट्रीय समारोह में केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने कृष्ण अग्रवाल को इस राष्ट्रीय सम्मान से नवाजा। कृष्ण ने घरों में गर्म कपड़े की प्रेस से छोटे बच्चों के जलने की दुर्घटनाओं को रोकने के लिए ‘फ्लिप इलेक्ट्रिक आयरन फॉर चाइल्ड सेफ्टी’ (Flip Electric Iron For Child Safety) नामक एक सस्ता और जीवनरक्षक मॉडल तैयार किया है। इस ऐतिहासिक गौरव पर स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने छात्र, उनके माता-पिता और विद्यालय परिवार को हार्दिक बधाई दी है।
मुख्य बिंदु (Key Highlights):
- ‘Krishna Agrawal Inspire Award’: जिंदल पब्लिक स्कूल रायगढ़ के छात्र कृष्ण अग्रवाल ने राष्ट्रीय स्तर पर जीता तीसरा पुरस्कार।
- केंद्रीय मंत्री ने किया सम्मानित: नई दिल्ली में केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने प्रदान किया राष्ट्रीय पुरस्कार।
- नवाचार ‘Flip Electric Iron for Child Safety’: गर्म प्रेस को हाथ से छोड़ते ही उसका निचला गर्म हिस्सा अपने आप ऊपर की ओर घूम जाता है।
- ट्रिपल सेफ्टी फीचर्स: ऑटो-फ्लिप तकनीक, 30 सेकंड में ऑटोमैटिक शट-ऑफ और बच्चों से सुरक्षा के लिए मजबूत चाइल्ड लॉक।
- 80 हजार में से टॉप 62 में चयन: छत्तीसगढ़ से प्रस्तुत 80 हजार नवाचारों में से राष्ट्रीय संकलन के शीर्ष 62 में कृष्ण का प्रोजेक्ट हुआ शामिल।
- शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने सराहा: कहा—’यह सफलता साबित करती है कि छत्तीसगढ़ की युवा प्रतिभाएं राष्ट्रीय स्तर पर अग्रणी हैं।’
Krishna Agrawal Inspire Award: नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने सौंपा तीसरा पुरस्कार
भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) और नेशनल इनोवेशन फाउंडेशन (NIF) द्वारा आयोजित 12वीं राष्ट्रीय प्रदर्शनी (NLEPC-2026) में देश भर के सभी राज्यों से चयनित सर्वश्रेष्ठ बाल वैज्ञानिकों के मॉडलों का प्रदर्शन किया गया था।
Krishna Agrawal Inspire Award के राष्ट्रीय मूल्यांकन में निर्णायक मंडल ने कृष्ण के प्रोजेक्ट को अत्यंत व्यावहारिक, समाजोपयोगी और व्यावसायिक रूप से निर्माण योग्य पाया। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कृष्ण के आत्मविश्वास और समस्या-समाधान की सोच की प्रशंसा करते हुए उन्हें राष्ट्रीय ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। कृष्ण की इस सफलता से राष्ट्रीय मंच पर छत्तीसगढ़ के वैज्ञानिक मॉडल की विशिष्ट पहचान बनी है।
क्या है ‘Flip Electric Iron for Child Safety’? ऑटो-फ्लिप और 30-सेकंड ऑटो कट-ऑफ तकनीक
घरों में अक्सर कपड़े प्रेस करते समय फोन आने या किसी काम से ध्यान भटकने पर गर्म प्रेस जमीन या कपड़े पर छूट जाती है, जिससे न केवल आग लगने का खतरा होता है बल्कि रेंगते हुए मासूम बच्चे उसे छूकर गंभीर रूप से झुलस जाते हैं। कृष्ण अग्रवाल ने इसी मानवीय पीड़ा का तकनीकी हल निकाला है:
- ऑटो-फ्लिप मैकेनिज्म (Auto-Flip Technology): जैसे ही उपयोगकर्ता के हाथ का दबाव प्रेस के हैंडल से हटता है, एक यांत्रिक-इलेक्ट्रिकल प्रणाली सक्रिय होती है और प्रेस की गर्म सोलप्लेट (हीटिंग प्लेट) स्वतः 180 डिग्री ऊपर की ओर घूम जाती है।
- 30-सेकंड में ऑटो कट-ऑफ: यदि प्रेस 30 सेकंड तक बिना छुए उल्टी स्थिति में रहती है, तो सेंसर तुरंत बिजली की आपूर्ति बंद (Power Cut) कर देता है, जिससे ओवरहीटिंग और आग लगने का जोखिम शून्य हो जाता है।
- चाइल्ड लॉक सिस्टम: बच्चों द्वारा बटन दबाने पर भी प्रेस तब तक चालू नहीं होती जब तक कि मुख्य सेफ्टी लॉक न खोला जाए। यह पूरा मॉडल बहुत कम लागत में घरेलू सुरक्षा सुनिश्चित करता है।
छत्तीसगढ़ के 80 हजार विचारों में से शीर्ष 62 में बनाई जगह: इंस्पायर संकलन में शामिल
इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता की प्रतिस्पर्धा का स्तर कितना कठिन था, इसका अंदाजा इसी आंकड़े से लगाया जा सकता है कि इस वर्ष छत्तीसगढ़ के विभिन्न स्कूलों से लगभग 80 हजार (80,000) नवाचारी विचार इंस्पायर मानक पोर्टल पर पंजीकृत हुए थे।
कृष्ण अग्रवाल के ‘फ्लिप इलेक्ट्रिक प्रेस’ मॉडल ने जिला और राज्य स्तर की कठिन स्क्रीनिंग को पार करते हुए देश भर के शीर्ष 62 नवाचारों (Top 62 National Innovations) में अपनी जगह बनाई। भारत सरकार द्वारा प्रकाशित ‘इंस्पायर मानक-2026’ के राष्ट्रीय संकलन में भी कृष्ण के इस प्रोजेक्ट को विस्तृत चित्र और कार्यप्रणाली के साथ प्रमुखता से शामिल किया गया है।
शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने दी बधाई: ‘वैज्ञानिक सोच से संवर रहा विकसित छत्तीसगढ़’
स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव ने छात्र कृष्ण अग्रवाल, उनके अभिभावकों, शिक्षकों और जिंदल पब्लिक स्कूल प्रबंधन को बधाई देते हुए इसे पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गौरवशाली क्षण बताया:
मंत्री श्री यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार प्रदेश के स्कूलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ विज्ञान, अनुसंधान और रचनात्मक सोच को लगातार बढ़ावा दे रही है। कृष्ण अग्रवाल का यह आविष्कार यह संदेश देता है कि विज्ञान वही श्रेष्ठ है जो आम इंसान के जीवन को सुरक्षित और सुगम बनाए। ऐसे नवाचार देश को ‘विकसित भारत @2047’ की ओर ले जाने में सबसे मजबूत आधार बनेंगे।
“कृष्ण अग्रवाल ने यह साबित कर दिया है कि छत्तीसगढ़ के बच्चों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। दैनिक जीवन की आम घरेलू समस्या को देखकर एक 3-स्तरीय सुरक्षा वाली फ्लिप प्रेस का आविष्कार करना उनकी असाधारण संवेदनशीलता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण को दर्शाता है। राष्ट्रीय स्तर पर तीसरा पुरस्कार जीतना रायगढ़ ही नहीं, पूरे छत्तीसगढ़ के लिए प्रेरणा है। मैं उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूँ।”— गजेन्द्र यादव, स्कूल शिक्षा मंत्री, छत्तीसगढ़ शासन
बाल वैज्ञानिकों, घरेलू सुरक्षा और नवाचार संस्कृति के लिए इसके क्या मायने हैं?
- पेटेंट और कमर्शियल उत्पादन की राह: राष्ट्रीय स्तर पर तीसरा पुरस्कार मिलने के बाद अब नेशनल इनोवेशन फाउंडेशन (NIF) द्वारा इस मॉडल का पेटेंट कराया जा सकता है और बड़ी होम-अप्लायंस कंपनियों के साथ इसके व्यावसायिक उत्पादन पर काम हो सकता है।
- घरेलू दुर्घटनाओं पर रोकथाम: यह तकनीक यदि व्यावसायिक प्रेस में अनिवार्य की जाए, तो देश भर में हर साल सैकड़ों बच्चों को गर्म प्रेस से झुलसने और स्थाई दिव्यांगता से बचाया जा सकेगा।
- सरकारी व निजी स्कूलों के छात्रों को प्रेरणा: कृष्ण की इस जीत से छत्तीसगढ़ के अन्य छात्रों में भी किताबी रटंत प्रणाली के बजाय समस्याओं के व्यावहारिक समाधान खोजने का आत्मविश्वास पैदा होगा।
कृष्ण अग्रवाल राष्ट्रीय इंस्पायर अवार्ड उपलब्धि: एक नजर में
- छात्र का नाम: कृष्ण अग्रवाल (Krishna Agrawal)
- अध्ययनरत विद्यालय: जिंदल पब्लिक स्कूल, रायगढ़, छत्तीसगढ़
- राष्ट्रीय प्रतियोगिता: 12वीं राष्ट्रीय स्तरीय प्रदर्शनी एवं परियोजना प्रतियोगिता (NLEPC-2026)
- आयोजन स्थल: नई दिल्ली (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग, भारत सरकार एवं NIF)
- अर्जित उपलब्धि: देश भर में तृतीय पुरस्कार (3rd Prize Winner)
- नवाचारी प्रोजेक्ट का नाम: Flip Electric Iron For Child Safety (फ्लिप इलेक्ट्रिक आयरन)
- प्रमुख सेफ्टी फीचर्स: ऑटो-फ्लिप मैकेनिज्म, 30 सेकंड में ऑटो कट-ऑफ और चाइल्ड लॉक
- राष्ट्रीय चयन का पैमाना: छत्तीसगढ़ के 80 हजार नवाचारों में से देश के शीर्ष 62 में चयनित
- पुरस्कार प्रदाता: डॉ. जितेंद्र सिंह, केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
Krishna Agrawal Inspire Award में किस प्रोजेक्ट के लिए सम्मानित किए गए हैं?
Krishna Agrawal Inspire Award के तहत नई दिल्ली में आयोजित 12वीं NLEPC प्रतियोगिता में अपने प्रोजेक्ट ‘Flip Electric Iron For Child Safety’ के लिए पूरे देश में तीसरे पुरस्कार से सम्मानित किए गए हैं।
कृष्ण अग्रवाल किस जिले और स्कूल के छात्र हैं?
कृष्ण अग्रवाल छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में स्थित जिंदल पब्लिक स्कूल के होनहार छात्र हैं।
‘फ्लिप इलेक्ट्रिक आयरन’ बच्चों को जलने से कैसे बचाती है?
इस प्रेस में ऑटो-फ्लिप तकनीक लगी है, जिससे हाथ छोड़ते ही इसका गर्म हिस्सा अपने आप ऊपर की ओर घूम जाता है। साथ ही इसमें 30 सेकंड में बिजली कटने और चाइल्ड लॉक की सुविधा है।
कृष्ण अग्रवाल को यह राष्ट्रीय पुरस्कार किसने प्रदान किया?
नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेंद्र सिंह ने कृष्ण अग्रवाल को यह प्रतिष्ठित पुरस्कार प्रदान किया।
आधिकारिक स्रोत: स्कूल शिक्षा विभाग / विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) / जनसंपर्क विभाग (DPR Raipur), छत्तीसगढ़ शासन