By: Ishan Verma (Founder & Editor, theexamhub.in) | Date: July 4, 2026
भारतीय नागरिक उड्डयन क्षेत्र को अधिक समावेशी, किफायती और विश्वस्तरीय बनाने की दिशा में आज एक ऐतिहासिक अध्याय की शुरुआत हुई है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान की ‘ब्लू सिटी’ जोधपुर से देश के अगले चरण के क्षेत्रीय हवाई संपर्क मिशन यानी Viksit UDAN Scheme (संशोधित उड़ान योजना) का सफलतापूर्वक शुभारंभ किया। इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने जोधपुर हवाई अड्डे पर ₹480 करोड़ की लागत से नवनिर्मित अत्याधुनिक ‘न्यू टर्मिनल बिल्डिंग’ (NTB) का लोकार्पण भी किया। उड्डयन क्षेत्र, सरकारी नीतियों और बुनियादी ढांचे के विकास से जुड़े नियमित अपडेट के लिए आप हमारे करेंट अफेयर्स सेक्शन को फॉलो कर सकते हैं।
उड़ान योजना के इस नए विस्तारित चरण के माध्यम से देश के टियर-2 और टियर-3 शहरों से लेकर सुदूर सीमावर्ती और दुर्गम क्षेत्रों तक अंतिम-मील हवाई कनेक्टिविटी (Last-mile connectivity) सुनिश्चित की जाएगी, जो ‘सबकी उड़ान, सबका विकास’ के संकल्प को साकार करेगी।
Viksit UDAN Scheme: अगले 10 वर्षों के लिए रणनीतिक योजना
अक्टूबर 2016 में शुरू की गई मूल उड़ान योजना ने अब तक देश के 95 हवाई अड्डों, हेलीपोर्टों और वाटर एयरोड्रोम के माध्यम से 669 मार्गों को जोड़कर 1.66 करोड़ से अधिक यात्रियों को लाभान्वित किया है। इसी अपार सफलता को आगे बढ़ाने के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इस संशोधित Viksit UDAN Scheme को मंजूरी दी है, जिसके लिए अगले दस वर्षों में लगभग ₹29,000 करोड़ का भारी-भरकम बजटीय प्रावधान किया गया है।
योजना के प्रमुख वित्तीय घटक और बुनियादी लक्ष्य
क्षेत्रीय विमानन अवसंरचना के विकास के लिए योजना के तहत पूंजीगत व्यय को निम्नानुसार वर्गीकृत किया गया है:
- हवाई पट्टियों का विकास: देश में मौजूदा अनुपयोगी हवाई पट्टियों को विकसित कर 100 नए एयरोड्रोम/हवाई अड्डे बनाए जाएंगे, जिसके लिए ₹12,159 करोड़ का भारी आवंटन किया गया है।
- दुर्गम क्षेत्रों के लिए आधुनिक हेलीपैड: पहाड़ी, वन और सीमावर्ती क्षेत्रों में हवाई पहुंच बढ़ाने के लिए ₹3,661 करोड़ की लागत से 200 आधुनिक हेलीपैड का निर्माण किया जाएगा।
- परिचालन एवं रखरखाव (O&M): क्षेत्रीय हवाई अड्डों की शुरुआती वर्षों में आर्थिक व्यवहार्यता सुनिश्चित करने के लिए परिचालन और रखरखाव के मद में ₹2,577 करोड़ आवंटित किए गए हैं।
- वायबिलिटी गैप फंडिंग (VGF): क्षेत्रीय उड़ानों के टिकटों को आम जनता के लिए किफायती बनाए रखने और एयरलाइनों के परिचालन को निरंतरता देने के लिए ₹10,043 करोड़ का वीजीएफ समर्थन जारी रहेगा।
- स्वदेशी विमानों को बढ़ावा: ‘आत्मनिर्भर भारत’ के तहत सुदूर क्षेत्रों के मार्गों पर स्वदेशी विमानों जैसे HAL ध्रुव और डोर्नियर (Dornier) विमानों के उपयोग को प्रोत्साहित किया जाएगा।
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जोधपुर हवाई अड्डे का नया टर्मिनल: मारवाड़ी विरासत का प्रतीक
प्रधानमंत्री ने जोधपुर हवाई अड्डे पर भारतीय विमानन प्राधिकरण (AAI) द्वारा ₹480 करोड़ की लागत से विकसित नई टर्मिनल बिल्डिंग का उद्घाटन किया, जो थार मरुस्थल के प्रवेश द्वार ‘जोधपुर’ में पर्यटन, व्यापार और रोजगार को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।
इस नवनिर्मित टर्मिनल की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
- विशाल क्षमता: 23,342 वर्ग मीटर क्षेत्र में फैला यह आधुनिक टर्मिनल व्यस्ततम घंटों में 1,500 यात्रियों और प्रतिवर्ष 20 लाख यात्रियों को संभालने में सक्षम है। इसमें 20 चेक-इन काउंटर और 6 एयरोब्रिज स्थापित किए गए हैं।
- पारंपरिक मारवाड़ी स्थापत्य: टर्मिनल का बाहरी हिस्सा जोधपुर के पारंपरिक शाही स्थापत्य से प्रेरित है, जिसमें पारंपरिक झरोखे, मेहराब और बलुआ पत्थर की नक्काशी का आधुनिक वास्तुकला के साथ अद्भुत सामंजस्य स्थापित किया गया है।
- हरित मानक (GRIHA Rating): इस इमारत को पर्यावरण-अनुकूल और टिकाऊ बनाने के लिए इसमें जल संरक्षण प्रणालियां, ऊर्जा-कुशल प्रणालियां और हरित निर्माण सामग्री का उपयोग किया गया है, जिसका लक्ष्य 5-Star GRIHA रेटिंग प्राप्त करना है।
ऐतिहासिक अवसर पर उपस्थित विशिष्ट जन
जोधपुर में आयोजित इस गरिमापूर्ण समारोह में राजस्थान के राज्यपाल श्री हरिभाऊ किसनराव बागड़े, राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा, केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री श्री के. राममोहन नायडू, केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखवत और नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री श्री मुरलीधर मोहोल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
जोधपुर से Viksit UDAN Scheme की ऐतिहासिक शुरुआत और ₹480 करोड़ के भव्य हवाई अड्डे के नए टर्मिनल का उद्घाटन भारत के विमानन क्षेत्र को लोकतांत्रिक बनाने की दिशा में सबसे बड़ा कदम है। क्षेत्रीय हवाई पट्टियों को हवाई अड्डों में बदलने और सुदूर अंचलों में हेलीपैड का नेटवर्क बिछाने की यह व्यापक योजना ‘हवाई चप्पल से हवाई जहाज’ के सपने को हकीकत में बदलने का कार्य करेगी, जिससे भारत का हर सुदूर कोना वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के संकल्प की मुख्यधारा से सीधे जुड़ सकेगा।
परीक्षा के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण तथ्य (Quick Facts for Exams)
प्रतियोगी परीक्षाओं (जैसे UPSC, CGPSC, RPSC, SSC व अन्य राज्य स्तरीय परीक्षाओं) की तैयारी कर रहे छात्रों को निम्नलिखित बिन्दुओं को विशेष रूप से ध्यान में रखना चाहिए:
| विषय | महत्वपूर्ण तथ्य |
|---|---|
| लॉन्च की गई नागरिक उड्डयन योजना | Viksit UDAN Scheme (संशोधित उड़ान योजना) |
| योजना का निर्धारित कुल बजट | लगभग ₹29,000 करोड़ (अगले 10 वर्षों के लिए) |
| शुभारंभ की तिथि और स्थान | 04 जुलाई, 2026 | जोधपुर, राजस्थान |
| अनुपयोगी पट्टियों से नए एयरोड्रोम निर्माण का लक्ष्य | 100 नए एयरोड्रोम (आवंटित बजट: ₹12,159 करोड़) |
| दुर्गम क्षेत्रों हेतु हेलीपैड निर्माण लक्ष्य | 200 आधुनिक हेलीपैड (आवंटित बजट: ₹3,661 करोड़) |
| जोधपुर न्यू टर्मिनल बिल्डिंग (NTB) लागत | ₹480 करोड़ (वार्षिक यात्री क्षमता: 20 लाख) |
| केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री | श्री के. राममोहन नायडू (K. Rammohan Naidu) |
| संबद्ध मंत्रालय आधिकारिक पोर्टल | नागरिक उड्डयन मंत्रालय (Ministry of Civil Aviation) |