रायपुर, 02 नवम्बर: ऊर्जा सरप्लस राज्य के रूप में स्थापित छत्तीसगढ़ अब स्वच्छ और हरित ऊर्जा के वैश्विक मानचित्र पर अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज कराने जा रहा है। नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित चार दिवसीय ‘इंडिया रिन्यूएबल एनर्जी समिट एंड एक्सपो 2026’ में छत्तीसगढ़ अपनी ऊर्जा उपलब्धियों और भविष्य की असीम निवेश संभावनाओं के साथ पूरे दम-खम से भागीदारी कर रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय कुछ ही देर में भारत मंडपम पहुंचकर CG Pavilion Bharat Mandapam (छत्तीसगढ़ पवेलियन भारत मंडपम) का अवलोकन करेंगे। पवेलियन में प्रदेश की मजबूत ऊर्जा अधोसंरचना, सौर व हरित ऊर्जा परियोजनाओं, ऊर्जा भंडारण तकनीकों और निवेश नीतियों को आकर्षक रूप से प्रदर्शित किया गया है। इसके उपरांत मुख्यमंत्री प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद आयोजित उच्चस्तरीय मुख्यमंत्रियों एवं केंद्रीय मंत्रियों की राउंड टेबल बैठक में छत्तीसगढ़ का ‘ऊर्जा विजन’ प्रस्तुत करेंगे तथा वैश्विक निवेशकों से सीधा संवाद करेंगे।
मुख्य बिंदु (Key Highlights):
- ‘CG Pavilion Bharat Mandapam’: भारत मंडपम में छत्तीसगढ़ के विशेष ऊर्जा पवेलियन का अवलोकन करेंगे सीएम विष्णु देव साय।
- राउंड टेबल चर्चा में प्रस्तुति: पीएम नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद मुख्यमंत्रियों की बैठक में रखेंगे राज्य का ‘ऊर्जा विजन’।
- वैश्विक निवेशकों से संवाद: देश-विदेश के प्रमुख उद्योग प्रतिनिधियों को छत्तीसगढ़ में ग्रीन एनर्जी निवेश के लिए करेंगे आमंत्रित।
- 130 से अधिक देशों की सहभागिता: 2 से 5 नवंबर तक आयोजित हो रहा दुनिया का प्रतिष्ठित रिन्यूएबल एनर्जी एक्सपो।
- पवेलियन में आकर्षक प्रदर्शन: राज्य की पारंपरिक विद्युत क्षमता, सौर ऊर्जा, बायोमास और भावी क्लीन एनर्जी रोडमैप प्रदर्शित।
- प्रधानमंत्री भी करेंगे अवलोकन: विभिन्न राज्यों की प्रदर्शनियों का अवलोकन कर देश के हरित भविष्य का जायजा लेंगे पीएम मोदी।
CG Pavilion Bharat Mandapam: राज्य की हरित ऊर्जा क्षमता और निवेश अवसरों का भव्य प्रदर्शन
नई दिल्ली के भारत मंडपम में स्थापित छत्तीसगढ़ पवेलियन देश-विदेश के प्रतिनिधियों, नीति-निर्माताओं और उद्योगपतियों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बना हुआ है।
CG Pavilion Bharat Mandapam का निरीक्षण करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय पवेलियन में प्रदर्शित विभिन्न ऊर्जा उपक्रमों, ग्रीन एनर्जी मॉडल्स और भावी रणनीतियों का जायजा लेंगे। पवेलियन में राज्य की 28 हजार मेगावाट से अधिक की पारंपरिक ताप विद्युत क्षमता के साथ-साथ वर्ष 2030 तक 15 हजार मेगावाट हरित ऊर्जा उत्पादन के लक्ष्य, पंप स्टोरेज हाइड्रो प्रोजेक्ट्स और बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) को आधुनिक डिजिटल स्क्रीन्स और 3D मॉडल्स के जरिए प्रदर्शित किया गया है।
प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद राउंड टेबल चर्चा: छत्तीसगढ़ का ऊर्जा विजन होगा प्रस्तुत
समिट का उद्घाटन प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया गया है, जिसके बाद राष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण नीतिगत विमर्श आयोजित हो रहा है:
- उच्चस्तरीय राउंड टेबल बैठक: प्रधानमंत्री के संबोधन के तत्काल बाद आयोजित मुख्यमंत्रियों और केंद्रीय मंत्रियों की विशेष राउंड टेबल चर्चा में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय भाग लेंगे।
- राष्ट्रीय लक्ष्यों में योगदान: मुख्यमंत्री इस बैठक में बताएंगे कि कैसे छत्तीसगढ़ प्रधानमंत्री मोदी के वर्ष 2030 तक गैर-पारंपरिक स्रोतों से 500 गीगावाट (GW) बिजली उत्पादन के राष्ट्रीय संकल्प को पूरा करने में अपनी अग्रणी भूमिका निभाएगा और राज्य की ऊर्जा मांग में हरित ऊर्जा की हिस्सेदारी 45% तक बढ़ाएगा।
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देश-विदेश के निवेशकों और उद्योगपतियों से सीधा संवाद: अनुकूल नीतियों का भरोसा
समिट के दौरान मुख्यमंत्री वैश्विक कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (CEOs) और कॉर्पोरेट लीडर्स के साथ वन-टू-वन बैठकें करेंगे:
- निवेशकों को आमंत्रण: मुख्यमंत्री देश और दुनिया भर से आए निवेशकों को छत्तीसगढ़ की उद्योग-हितैषी नीतियों, पारदर्शी सिंगल-विंडो सिस्टम, सस्ती जमीन और अधोसंरचनात्मक सुविधाओं से अवगत कराएंगे।
- 5.60 लाख करोड़ के अवसर: वे निवेशकों को स्पष्ट करेंगे कि राज्य में अगले पांच वर्षों में ऊर्जा क्षेत्र में लगभग 5.60 लाख करोड़ रुपए के निवेश की अपार संभावनाएं हैं, जिनमें सौर ऊर्जा पार्क, पंप स्टोरेज, कंप्रेस्ड बायोगैस और ग्रीन हाइड्रोजन प्रमुख हैं।
130 से अधिक देशों की मौजूदगी में छत्तीसगढ़ की मजबूत दावेदारी
उल्लेखनीय है कि 2 से 5 नवंबर 2026 तक चलने वाले इस अंतरराष्ट्रीय एक्सपो में 130 से अधिक देशों के प्रतिनिधि, 40 से अधिक मंत्री और 9 प्रमुख कंट्री पार्टनर देश भाग ले रहे हैं। भारत के विभिन्न राज्यों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनियों में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी भी दौरा करेंगे। छत्तीसगढ़ इस वैश्विक मंच का उपयोग अपनी छवि को केवल पारंपरिक ‘खनिज राज्य’ से बदलकर एक आधुनिक, तकनीकी और ‘हरित ऊर्जा संपन्न राज्य’ के रूप में स्थापित करने के लिए कर रहा है।
“छत्तीसगढ़ देश का ऊर्जा हृदय है। भारत मंडपम में स्थापित हमारा पवेलियन इस बात का प्रमाण है कि हम पारंपरिक ऊर्जा के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण और हरित ऊर्जा उत्पादन में भी देश का नेतृत्व करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। राउंड टेबल बैठक में हम राज्य के 15 हजार मेगावाट हरित ऊर्जा विजन को रखेंगे। देश-दुनिया के उद्योगपतियों के लिए छत्तीसगढ़ में निवेश का यह सबसे मुफीद समय है।”— श्री विष्णु देव साय, मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़ शासन (भारत मंडपम आगमन वक्तव्य)
इंडिया रिन्यूएबल एनर्जी समिट 2026 छत्तीसगढ़ सहभागिता: एक नजर में’
- सम्मेलन का नाम: इंडिया रिन्यूएबल एनर्जी समिट एंड एक्सपो 2026 (CG Pavilion Bharat Mandapam)
- स्थल व तिथि: भारत मंडपम, नई दिल्ली, 02 से 05 नवंबर 2026
- उद्घाटनकर्ता: प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी
- छत्तीसगढ़ का नेतृत्व: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय
- प्रमुख गतिविधि: छत्तीसगढ़ पवेलियन का अवलोकन, राउंड टेबल चर्चा एवं निवेशक संवाद
- प्रदर्शित मुख्य विषय: ग्रीन एनर्जी लक्ष्य, सौर ऊर्जा, 12,300 MW पंप स्टोरेज, BESS बैटरी भंडारण
- वैश्विक सहभागिता: 130 से अधिक देश, 40 से ज्यादा मंत्री व वैश्विक निवेशक
- राज्य का विजन: वर्ष 2030 तक 15,000 मेगावाट हरित ऊर्जा एवं 5.60 लाख करोड़ का निवेश आकर्षित करना
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
CG Pavilion Bharat Mandapam का अवलोकन कौन कर रहे हैं और यह कहाँ स्थित है?
नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित ‘इंडिया रिन्यूएबल एनर्जी समिट एंड एक्सपो 2026’ में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय छत्तीसगढ़ पवेलियन का अवलोकन कर रहे हैं।
राउंड टेबल चर्चा में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय क्या प्रस्तुत करेंगे?
प्रधानमंत्री के संबोधन के बाद आयोजित राउंड टेबल चर्चा में मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ का ‘ऊर्जा विजन’, नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता और राज्य में 5.60 लाख करोड़ रुपए के निवेश अवसरों को प्रस्तुत करेंगे।
छत्तीसगढ़ पवेलियन में किन प्रमुख उपलब्धियों को प्रदर्शित किया गया है?
पवेलियन में राज्य की सौर ऊर्जा क्षमता, वर्ष 2030 तक 15 हजार मेगावाट हरित ऊर्जा लक्ष्य, 10 पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट्स और पहला सौर गांव खैरा को प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया है।
इस वैश्विक ऊर्जा सम्मेलन में कितने देश भाग ले रहे हैं?
भारत मंडपम में 2 से 5 नवंबर 2026 तक आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में 130 से अधिक देशों के प्रतिनिधि और 9 कंट्री पार्टनर देश सहभागिता कर रहे हैं।
आधिकारिक स्रोत: मुख्यमंत्री सचिवालय, छत्तीसगढ़ / ऊर्जा विभाग एवं क्रेडा (CREDA) / जनसंपर्क संचालनालय (DPR Raipur)