प्रोजेक्ट पुनर्जीवन: रायपुर में पेड़ों को मिली कंक्रीट और जाली के घेरे से मुक्ति, CM विष्णु देव साय ने महाअभियान में लिया हिस्सा

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रायपुर, 24 अगस्त। राजधानी रायपुर में पेड़ों को प्राकृतिक रूप से विकसित और संरक्षित करने के उद्देश्य से शुरू किए गए ‘प्रोजेक्ट पुनर्जीवन’ ने आज एक विशाल जन-महाअभियान का रूप ले लिया। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम परिसर में आयोजित इस विशेष अभियान में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने पेड़ों के तनों के चारों ओर से कंक्रीट और ट्री-गार्ड की लोहे की जालियों को हटाने के इस कार्य की सराहना की और पर्यावरण संरक्षण के लिए इसे व्यापक जनभागीदारी से आगे बढ़ाने पर बल दिया।

इस महाभियान में कैबिनेट मंत्री श्री टंक राम वर्मा, श्री लखन लाल देवांगन, राज्यसभा सांसद श्रीमती लक्ष्मी वर्मा, छत्तीसगढ़ भवन एवं सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष डॉ. रामप्रताप सिंह तथा रायपुर ग्रामीण विधायक श्री पुरंदर मिश्रा भी सक्रिय रूप से शामिल हुए।


प्रोजेक्ट पुनर्जीवन का मुख्य उद्देश्य: जड़ों तक पहुंचेगी हवा, पानी और पोषक तत्व

प्रोजेक्ट पुनर्जीवन के तहत रायपुर जिलेभर में सड़कों के किनारे, फुटपाथों और सार्वजनिक स्थलों पर लगे पेड़ों के चारों ओर किए गए अनावश्यक कंक्रीट घेराव और पुरानी लोहे की जालियों को हटाने का काम युद्धस्तर पर किया गया।

  • प्राकृतिक पोषण की बहाली: पेड़ों के तनों को कंक्रीट से जकड़ देने के कारण बारिश का पानी और हवा जमीन के नीचे जड़ों तक नहीं पहुंच पाती थी। कंक्रीट हटने से पेड़ों को प्राकृतिक रूप से सांस लेने और पोषण पाने का अवसर मिलेगा।
  • स्वस्थ विकास: लोहे के पुराने ट्री-गार्ड पेड़ों की वृद्धि में बाधक बन रहे थे, जिन्हें हटाकर सैकड़ों पेड़ों को नया जीवन दिया गया।

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कलेक्टर, निगम आयुक्त और डीएफओ सहित पूरा प्रशासनिक अमला उतरा फील्ड पर

प्रोजेक्ट पुनर्जीवन को प्रभावी जन-आंदोलन बनाने के लिए रायपुर जिले के शीर्ष प्रशासनिक अधिकारी स्वयं फील्ड में उतरे और अभियान का नेतृत्व किया:

  • मैदानी स्तर पर सक्रिय अधिकारी: रायपुर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, नगर निगम आयुक्त श्री संबित मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री कुमार बिश्वरंजन और डीएफओ श्री पंकज राजपूत सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी अपनी-अपनी टीमों के साथ मुस्तैद रहे।
  • प्रमुख क्षेत्र हुए कंक्रीट मुक्त: प्रशासनिक टीमों ने शहर के ऑक्सीजोन (Oxyzone), सिविल लाइंस, मरीन ड्राइव (तेलीबांधा तालाब) और डीडी नगर सहित विभिन्न प्रमुख मार्गों व कॉलोनियों में पहुंचकर पेड़ों से कंक्रीट का घेराव हटाया।

राज्यपाल रमेन डेका की प्रेरणा से शुरू हुई पहल, सक्रिय नागरिक बनेंगे ‘पर्यावरण मित्र’

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ के माननीय राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह को शहर के पेड़ों को कंक्रीट और लोहे की जालियों से मुक्त कर प्राकृतिक वातावरण देने के लिए प्रेरित किया था, जिसके बाद जिला प्रशासन ने प्रोजेक्ट पुनर्जीवन की विस्तृत कार्ययोजना तैयार की।

“यदि आपके घर, दुकान, व्यापारिक संस्थान या कार्यालय के सामने लगे पेड़ों के तनों पर कंक्रीट का घेराव किया गया है, तो उसे तत्काल हटाकर पेड़ को खुला वातावरण दें। इस अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने वाले जागरूक नागरिकों को प्रशासन द्वारा ‘पर्यावरण मित्र’ के रूप में सम्मानित किया जाएगा।”

— डॉ. गौरव सिंह, कलेक्टर, रायपुर जिला


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पर्यावरण संतुलन के लिए जनभागीदारी आवश्यक

प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि रायपुर जिले के सभी नगरीय निकायों और ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जारी रहेगा ताकि शहर के हरित आवरण (Green Cover) को सुरक्षित और संवर्धित किया जा सके।


Official Source (आधिकारिक स्रोत): यह समाचार रायपुर जिला प्रशासन, नगर पालिक निगम रायपुर, वन विभाग तथा छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग (DPRCG) द्वारा 24 अगस्त 2026 को जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है।

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